खाएगा इंडिया तभी तो जाएगा इंडिया

मिर्ज़ा ग़ालिब (PM नरेंद्र मोदी से...) : तेरी हुकूमत में अजीब कश्मकश में गुजर रही जिन्दगी ग़ालिब, दाल खा नहीं सकते और गोश्त खाने नहीं देते। ऊपर से शौचालय पर शौचालय बनवाए जा रहे हैं!
.
.
.
अरे भाई, खाएगा इंडिया तभी तो जाएगा इंडिया!